प्रथम चरण में चुनाव से पहले नीतीश कुमार ने आईएसबीटी, जीरो माइल और भूतनाथ रोड के बीच तीन स्टेशनों के लिए उद्घाटन किया था. अब मलाही पकड़ी की बारी है.
पटना मेट्रो परियोजना की रफ्तार अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी है और राजधानी के लोगों को नए वर्ष की शुरुआत में ही बड़ी सौगात मिलने वाली है। मिली जानकारी के अनुसार, मलाही पकड़ी तक मेट्रो का परिचालन जनवरी 2026 के तीसरे सप्ताह, यानी 14 जनवरी के बाद, शुरू होने की संभावना है। इससे पहले भूतनाथ से मलाही पकड़ी तक के बीच मेट्रो लाइन का निर्माण पूरी तरह पूरा कर लिया गया है और अब स्टेशन व अन्य तकनीकी कार्यों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।

मलाही पकड़ी तक पूरा ट्रैक तैयार
पटना मेट्रो के अधिकारियों ने बताया कि प्राथमिक कॉरिडोर के महत्वपूर्ण हिस्से—आईएसबीटी से मलाही पकड़ी तक—की कुल 6.107 किलोमीटर लंबी लाइन का काम लगभग तैयार है। इस रूट में कई इंजीनियरिंग चुनौतियाँ थीं, लेकिन सभी बाधाओं को पार करते हुए समयसीमा के भीतर कार्य तेजी से किया गया। अधिकारियों के अनुसार, दिसंबर 2025 तक इस पूरे सेक्शन का निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा, जिसके बाद ट्रायल रन, सुरक्षा जांच और कमीशनिंग की औपचारिकताएँ पूरी की जाएँगी।
खेमनीचक स्टेशन फिलहाल नहीं बनेगा हॉल्ट
इस रूट में खेमनीचक स्टेशन एक महत्वपूर्ण पड़ाव था, लेकिन जमीन उपलब्ध होने में देरी के कारण यहां का निर्माण बाकी स्टेशनों की तुलना में बहुत पीछे रह गया है। अधिकारियों का कहना है कि स्टेशन के लिए भूमि देर से मिलने की वजह से अब यहां का निर्माण कम से कम छह महीने और लेगा। इसी कारण मलाही पकड़ी तक जारी होने वाली पहली मेट्रो सेवा खेमनीचक स्टेशन पर रुकेगी नहीं।
इस निर्णय के पीछे मुख्य तर्क यह है कि भले ही स्टेशन अधूरा हो, लेकिन पूरे रूट पर परिचालन की शुरुआत से यात्रियों को बड़ा लाभ मिलेगा, खासकर आईएसबीटी और मलाही पकड़ी के बीच नियमित आवागमन की सुविधा में अभूतपूर्व सुधार होगा।
खरमास के कारण उद्घाटन 14 जनवरी के बाद
निर्माण पूरा होने और ट्रायल रन की तैयारी के बावजूद उद्घाटन की तारीख को लेकर थोड़ी प्रतीक्षा करनी पड़ेगी। दिसंबर में भले ही रूट पूरी तरह तैयार हो जाए, लेकिन खरमास (धर्मिक मान्यताओं के अनुसार शुभ कार्य न करने का समय) की वजह से उद्घाटन को आगे बढ़ाया जाएगा।
चूंकि यह अवधि दिसंबर मध्य से जनवरी मध्य तक रहती है, इसलिए पटना मेट्रो का औपचारिक उद्घाटन 14 जनवरी 2026 के बाद ही संभव होगा। अधिकारियों का कहना है कि सरकार और शहरी विकास विभाग उद्घाटन समारोह को भव्य रूप देने की दिशा में भी विचार कर रहे हैं। इसलिए इस तिथि के आगे बढ़ने की संभावना कम है।
पहले चरण में यात्रियों को क्या लाभ?
पटना के पूर्वी इलाके से रोजाना हजारों लोग काम-काज और आवागमन के लिए आईएसबीटी, मलाही पकड़ी, भूतनाथ और खेमनीचक होकर गुजरते हैं। इन क्षेत्रों में ट्रैफिक का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है, ऐसे में मेट्रो की शुरुआत से—
- यात्रा का समय काफी कम होगा
- सड़क जाम से छुटकारा मिलेगा
- यात्रियों को सुरक्षित और आरामदायक सफर मिलेगा
- आईएसबीटी से शहर के अंदर आने वाले यात्रियों के लिए सीधे कनेक्टिविटी उपलब्ध होगी
विशेषज्ञों का मानना है कि मेट्रो के इस पहले चरण से पटना शहर की रफ्तार में स्पष्ट सुधार देखने को मिलेगा और पूरा मेट्रो नेटवर्क तैयार होने पर शहर के परिवहन ढांचे में ऐतिहासिक बदलाव आएगा।
ट्रायल रन और सुरक्षा मानकों पर सख्त निगरानी
मेट्रो का परिचालन शुरू करने से पहले सुरक्षा मानकों का पालन सर्वोपरि है। दिसंबर में निर्माण पूरा होते ही किराए, समय सारिणी, ऊर्जा आपूर्ति, ऑटोमैटिक सिग्नलिंग व कंट्रोल सिस्टम का विस्तृत परीक्षण शुरू होगा। इसके लिए विशेष तकनीकी टीमें तैयार हैं, जो मेट्रो के every-day operation के हर पहलू की गहन जांच करेंगी।
इसके बाद CMRS (Commissioner of Metro Rail Safety) से स्वीकृति ली जाएगी, जिसके बाद ही यात्रियों के लिए ट्रेनों के दरवाज़े खोल दिए जाएंगे।
जल्द ही मिलेगा आधिकारिक एलान
पदाधिकारियों का कहना है कि औपचारिक तारीख की घोषणा जल्द की जाएगी। सरकार चाहती है कि उद्घाटन कार्यक्रम में केंद्रीय स्तर के प्रतिनिधि और राज्य सरकार के शीर्ष नेतृत्व भी शामिल हों।
कुल मिलाकर, पटना मेट्रो का मलाही पकड़ी कॉरिडोर जनवरी 2026 में शहर को नई दिशा देने के लिए पूरी तरह तैयार होगा।