राम जन्मभूमि मंदिर परिसर में अब श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आधुनिक लॉकर रूम की व्यवस्था की गई है. इस नई व्यवस्था में करीब 50 हजार श्रद्धालु अपना सामान सुरक्षित रूप से जमा कर सकेंगे.
अयोध्या में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के लिए बड़ी राहत की खबर है। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने राम जन्मभूमि मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अत्याधुनिक लॉकर रूम की नई व्यवस्था शुरू कर दी है। बढ़ती भीड़ और बेहतर प्रबंधन की आवश्यकता को देखते हुए परिसर में चार अलग-अलग स्थानों पर आधुनिक लॉकर रूम का निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया है।

प्राण प्रतिष्ठा के बाद से लगातार बढ़ रही श्रद्धालुओं की संख्या ने प्रशासन और ट्रस्ट के सामने भीड़ प्रबंधन की बड़ी चुनौती खड़ी कर दी थी। प्रतिदिन हजारों की संख्या में भक्त रामलला के दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं, जबकि विशेष अवसरों और पर्वों पर यह संख्या लाखों तक पहुंच जाती है। ऐसे में श्रद्धालुओं को अपने जूते-चप्पल, बैग और अन्य निजी सामान रखने में काफी असुविधा का सामना करना पड़ता था। कई बार भीड़ के कारण सामान की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती थी।
इन्हीं समस्याओं के समाधान के रूप में अब एक साथ करीब 50 हजार श्रद्धालुओं के लिए लॉकर रूम की व्यवस्था की गई है। नई सुविधा के तहत श्रद्धालु अपने जूते-चप्पल, बैग, मोबाइल कवर और अन्य वस्तुएं सुरक्षित रूप से जमा कर सकेंगे। इससे न केवल दर्शन व्यवस्था अधिक सुव्यवस्थित होगी, बल्कि परिसर में अनावश्यक भीड़ और अव्यवस्था भी कम होगी।

ट्रस्ट द्वारा तैयार किए गए इन लॉकर रूम में टोकन आधारित प्रणाली लागू की गई है। श्रद्धालु जब अपना सामान जमा करेंगे तो उन्हें एक टोकन दिया जाएगा, जिसके आधार पर वे वापसी के समय अपना सामान प्राप्त कर सकेंगे। यह प्रणाली पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बनाई गई है, ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की संभावना न रहे।
सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी लॉकर स्थलों पर पर्याप्त संख्या में सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई है। साथ ही निगरानी व्यवस्था को भी मजबूत किया गया है, जिससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत नजर रखी जा सके। ट्रस्ट का कहना है कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसी उद्देश्य से यह व्यवस्था लागू की गई है।
परिसर में शू रैक का कार्य भी लगभग 90 प्रतिशत तक पूरा हो चुका है। इससे दर्शनार्थियों को और अधिक सुविधा मिलेगी और उन्हें अपने जूते-चप्पल रखने के लिए इधर-उधर भटकना नहीं पड़ेगा। नई व्यवस्था से मुख्य मार्गों और प्रवेश द्वारों पर भीड़ का दबाव कम होने की उम्मीद है, जिससे दर्शन प्रक्रिया और अधिक सुचारू होगी।
विश्व हिंदू परिषद के प्रांतीय मीडिया प्रभारी और राम मंदिर ट्रस्ट के सहयोगी शरद शर्मा ने बताया कि ट्रस्ट लगातार श्रद्धालुओं को बेहतर अनुभव देने के लिए सुविधाओं का विस्तार कर रहा है। उन्होंने कहा कि लॉकर सुविधा शुरू होने से श्रद्धालुओं को बड़ी राहत मिलेगी और दर्शन व्यवस्था अधिक सरल, सुरक्षित और व्यवस्थित बनेगी।
उन्होंने यह भी बताया कि आने वाले समय में परिसर में अन्य आवश्यक सुविधाओं को भी चरणबद्ध तरीके से विकसित किया जाएगा, ताकि देश-विदेश से आने वाले भक्तों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। ट्रस्ट का उद्देश्य केवल मंदिर निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि श्रद्धालुओं के लिए एक सुव्यवस्थित और आधुनिक तीर्थ परिसर विकसित करना है।
कुल मिलाकर, राम जन्मभूमि मंदिर परिसर में शुरू की गई यह नई लॉकर व्यवस्था भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। इससे न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि अयोध्या में धार्मिक पर्यटन को भी मजबूती मिलेगी। आने वाले दिनों में यह व्यवस्था मंदिर परिसर की समग्र व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाने में सहायक साबित हो सकती है।