अयोध्या के राममंदिर चढ़ावा चोरी मामले में ट्रस्ट की बैठक और चंपत राय-अनिल मिश्रा के इस्तीफे के बाद सोमवार रात करीब 9 बजे स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) की प्राइमरी रिपोर्ट भी सामने आ गई।
इस रिपोर्ट के मुताबिक 27 अप्रैल से 5 जून के बीच CCTV में लगभग 70 संदिग्ध घटनाएं कैद हुईं। फुटेज में पुलिस की गिरफ्त में आए 8 आरोपी नोटों की गड्डियां जेब और जूतों में छिपाते हुए दिखे।
SIT ने डॉ. अनिल मिश्रा पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। SIT ने कहा कि पहले से बनाए गए तलाशी के सिस्टम में लूपहोल्स के लिए अनिल मिश्रा ही जिम्मेदार हैं।
चंपत राय का ड्राइवर टिन्नू बिना किसी आदेश के गिनती वाले कमरे की चाबी अपने पास रखता था। इतना ही नहीं उसने सिफारिश कर अपने भतीजे मनीष यादव को चंदे की गिनती के काम में लगवाया था।