गोरखपुर के पिपराइच थानाक्षेत्र में कोआपरेटिव इंटर कॉलेज के 11वीं के छात्र की गोली मारकर हत्या कर दी गई. शुक्रवार दोपहर में हुई हत्या की घटना के बाद कॉलेज में अफरातफरी का माहौल हो गया.
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में सोशल मीडिया पर किए गए एक कमेंट को लेकर शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि उसने एक 17 वर्षीय छात्र की जान ले ली। पिपराइच थाना क्षेत्र के कोऑपरेटिव इंटर कॉलेज में पढ़ने वाले 11वीं के छात्र की शुक्रवार दोपहर गोली मारकर हत्या कर दी गई। कॉलेज परिसर में दिनदहाड़े हुई इस सनसनीखेज वारदात से इलाके में दहशत फैल गई, वहीं शिक्षा संस्थान की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, छात्र कॉलेज परिसर में मौजूद था, तभी अचानक वहां पहुंचे आरोपियों ने उस पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। छात्र को तीन गोलियां लगीं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। गोली चलने की आवाज सुनते ही कॉलेज परिसर में अफरा-तफरी मच गई। छात्र-छात्राएं और शिक्षक भयभीत होकर इधर-उधर भागने लगे। कुछ ही देर में पूरे कॉलेज में चीख-पुकार और हड़कंप का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही मृतक छात्र के परिजन और गांव के लोग बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। आक्रोशित ग्रामीणों ने छात्र के शव को सड़क पर रखकर चक्का जाम कर दिया और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करने लगे। सड़क जाम की वजह से इलाके में यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। स्थिति तनावपूर्ण होती देख बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर तैनात किया गया।

जब पुलिस ने ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की तो गुस्साए लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया और पत्थरबाजी का असफल प्रयास भी किया। हालांकि, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने संयम बरतते हुए लोगों को शांत कराया और उचित कार्रवाई का भरोसा दिया। काफी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने जाम हटाया और हालात काबू में आए।
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि हत्या की वजह सोशल मीडिया पर किया गया एक कमेंट था। बताया जा रहा है कि करीब तीन दिन पहले मृतक छात्र का गांव के ही एक युवक से सोशल मीडिया पर किसी पोस्ट को लेकर विवाद हुआ था। उस विवाद के बाद दोनों पक्षों के बीच तनातनी बढ़ गई थी। आशंका जताई जा रही है कि इसी रंजिश के चलते आरोपियों ने इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया।
पुलिस ने इस मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को हिरासत में ले लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है। वहीं, एक अन्य आरोपी और एक नाबालिग किशोर की तलाश में पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा और मामले में कठोर कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद पूरे इलाके में शोक और गुस्से का माहौल है। मृतक छात्र के परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों ने आरोप लगाया कि अगर समय रहते विवाद को गंभीरता से लिया गया होता, तो शायद यह घटना टाली जा सकती थी। उन्होंने दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि कॉलेज परिसर और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। साथ ही, सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों पर भी नजर रखी जा रही है। उन्होंने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि सोशल मीडिया पर छोटी-छोटी बातों से उपजा विवाद किस तरह गंभीर अपराध का रूप ले सकता है। किशोरों और युवाओं में बढ़ती आक्रामकता और हथियारों की आसानी से उपलब्धता समाज के लिए एक बड़ी चुनौती बनती जा रही है। गोरखपुर की यह घटना न केवल एक परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है, बल्कि समाज के लिए भी एक गंभीर चेतावनी है कि समय रहते ऐसे विवादों को रोकना और युवाओं को सही दिशा देना बेहद जरूरी है।