“शुक्ल योग: बुधवार को अमृत घड़ी !

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आज यानी बुधवार के दिन विशेष रूप से गणपति जी की पूजा-अर्चना की जाती है। सनातन धर्म में गणेश जी को बुद्धि और ज्ञान के देवता के रूप में पूजा जाता है। ऐसे में इस दिन पर गणेश जी की पूजा जरूर करनी चाहिए।

 23 अप्रैल को वैशाख कृष्ण पक्ष की दशमी तिथि और बुधवार का दिन है। दशमी तिथि आज शाम 4 बजकर 44 मिनट तक रहेगी। आज शाम 6 बजकर 51 मिनट तक शुक्ल योग रहेगा।

साथ ही आज दोपहर 12 बजकर 8 मिनट तक धनिष्ठा नक्षत्र रहेगा, उसके बाद शतभिषा नक्षत्र लग जायेगा। इसके अलावा आज शाम 4 बजकर 44 मिनट तक पृथ्वी लोक की भद्रा रहेगी। आचार्य इंदु प्रकाश से जानिए बुधवार का पंचांग, राहुकाल, शुभ मुहूर्त और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय।

शुक्ल योग में जन्मे लोग कला के लगभग सभी पक्षों में कुशल होते हैं विशेषतः कविता पाठ, शायरी एवं गायन आदि में इन लोगों की विशेष रुचि होती है, शुक्ल योग में जन्मा व्यक्ति उच्चाकांक्षी होता है, एवं जीवन में माता की कृपा दृष्टि से लाभान्वित होता है। अन्य सभी योगों में जन्मे लोगों की अपेक्षा माता का सहयोग इस योग में जन्मे लोगों को अधिक प्राप्त होता है एवं इनकी माता की आयु पूर्ण होती है।

"शुक्ल योग: बुधवार को अमृत घड़ी !
“शुक्ल योग: बुधवार को अमृत घड़ी !

इस प्रकार से माता का “समर्थन एवं सहयोग” (अधिक लाड एवं प्यार) प्राप्त होने से ये जीवन में अधिक समय लेकर परिपक्च होतें हैं, और सामान्यतः अपने जीवन में तमाम तरह की इच्छाओं व् अभिलाषाओं की पूर्ति के लिए बहुत से सफल असफल प्रयास करते है।

इस प्रकार जाने अनजाने में ये कई बार न्याय अन्याय सही गलत इत्यादि की समझ खो बैठते है, और केवल अपने उच्चाकांक्षी लक्ष्यों से जुड़े भ्रमजाल में डूबे रहना पसंद करते हैं। जीवन साथी का भी सहयोग इन्हें सामान्य महसूस होता है किन्तु जीवन के अंतिम हिस्से में संतानों की युवावस्था में इन्हें अपेक्षाकृत सफलता दृष्टिगत होती है।

23 अप्रैल 2025 का शुभ मुहूर्त

  • वैशाख कृष्ण पक्ष की दशमी तिथि- 23 अप्रैल 2025 को शाम 4 बजकर 44 मिनट तक रहेगी
  • शुक्ल योग- 23 अप्रैल को शाम 6 बजकर 51 मिनट तक
  • धनिष्ठा नक्षत्र- 23 अप्रैल को  दोपहर 12 बजकर 8 मिनट तक धनिष्ठा नक्षत्र रहेगा, उसके बाद शतभिषा नक्षत्र लग जायेगा

सूर्योदय-सूर्यास्त का समय

  • सूर्योदय- सुबह 5:48 am
  • सूर्यास्त- शाम 6:50 pm

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