“तनाव के साए में पुतिन का मोदी को फोन, पहलगाम हमले पर रूस का आया सख्त संदेश!”

narendra modi vladimir putin in bishkek meaindia twitter 13 june 2019 1560446566
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रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बातचीत की। इस दौरान उन्होंने पहलगाम में हुए आतंकी हमले की निंदा की।

आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में रूस ने भारत का साथ देने की प्रतिबद्धता दोहराई है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फोन किया और पहलगाम आतंकी हमले की निंदा की। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, ‘रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फोन किया और भारत के पहलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा की। उन्होंने निर्दोष लोगों की मौत पर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत को पूरा समर्थन देने की बात कही। 

जायसवाल ने कहा, ‘पुतिन ने इस बात पर जोर दिया कि इस जघन्य हमले के दोषियों और उनके मददगारों को न्याय के कटघरे में लाया जाना चाहिए। दोनों नेताओं ने भारत-रूस विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। प्रधानमंत्री ने विजय दिवस की 80वीं वर्षगांठ के अवसर पर राष्ट्रपति पुतिन को शुभकामनाएं दीं और उन्हें इस साल के अंत में भारत में आयोजित होने वाले वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए आमंत्रित किया।’

पुतिन का कड़ा संदेश: आतंकवाद को बख्शा नहीं जाएगा

"तनाव के साए में पुतिन का मोदी को फोन, पहलगाम हमले पर रूस का आया सख्त संदेश!"
“तनाव के साए में पुतिन का मोदी को फोन, पहलगाम हमले पर रूस का आया सख्त संदेश!”

पुतिन ने साफ शब्दों में कहा कि इस हमले के पीछे जो लोग हैं और जो उन्हें समर्थन दे रहे हैं, उन्हें सजा मिलनी ही चाहिए। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक्स (पहले ट्विटर) पर इस बातचीत की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पुतिन ने पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना भी जताई।

इस घटना के करीब दो हफ्ते बाद रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फोन करके न सिर्फ इस हमले की निंदा की, बल्कि भारत को आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में ‘पूर्ण समर्थन’ देने का भरोसा भी दिया। पुतिन ने कहा कि जो लोग इस हमले के पीछे हैं और जो उनकी मदद कर रहे हैं, उन्हें कानून के सामने लाया जाना चाहिए और सजा मिलनी ही चाहिए। ये बात भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक्स (पहले ट्विटर) पर साझा की।

पहलगाम के गुनाहगारों को कानून के कटघरे में लाया जाए-पुतिन

दोनों नेताओं ने भारत-रूस विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने की बात दोहराई। PM मोदी ने राष्ट्रपति पुतिन को विजय दिवस की 80वीं वर्षगांठ पर बधाई दी। उन्होंने पुतिन को भारत में होने वाले वार्षिक शिखर सम्मेलन में आने का न्योता भी दिया। जायसवाल ने कहा, “उन्होंने जोर देकर कहा कि इस जघन्य हमले के अपराधियों और उनके समर्थकों को न्याय के कटघरे में लाना चाहिए।”

पहलगाम में आतंकियों ने 26 लोगों की हत्या की थी


22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले में दहशतगर्दों ने 26 लोगों की निर्मम हत्या कर दी थी। जान गंवाने वालों में ज्यादातर पर्यटक थे। यह हमला 2019 के पुलवामा हमले के बाद सबसे बड़ा आतंकी हमला माना जा रहा है। भारत ने इस हमले के बाद कड़े कदम उठाए हैं। इसमें 1960 की सिंधु जल संधि को निलंबित करने का एलान भी शामिल है। यह संधि दोनों देशों के बीच जल बंटवारे को लेकर बनी थी।

भारत-रूस रिश्तों को और गहरा करने की बात फोन पर हुई बातचीत में पीएम मोदी और पुतिन ने सिर्फ हमले की चर्चा नहीं की, बल्कि भारत और रूस के बीच रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने पर भी सहमति जताई। प्रधानमंत्री मोदी ने पुतिन को इस साल के अंत में भारत में होने वाले वार्षिक शिखर सम्मेलन में आने का न्योता भी दिया। इसके साथ ही, मोदी ने पुतिन को 9 मई को मनाए जाने वाले विजय दिवस की 80वीं वर्षगांठ की बधाई दी। हालांकि, खबरें हैं कि भारत-पाक तनाव के चलते मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शायद इस साल रूस में होने वाले विजय दिवस समारोह में शामिल नहीं हो पाएंगे।

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